बुलंदशहर। उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर की शिकारपुर विधानसभा सीट से भाजपा विधायक और पूर्व राज्यमंत्री अनिल शर्मा का बुधवार को निधन हो गया। लंबे समय से कैंसर की बीमारी से जूझ रहे अनिल शर्मा का दिल्ली के एक अस्पताल में उपचार चल रहा था। बुधवार दोपहर उन्होंने अस्पताल में अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर सामने आते ही बुलंदशहर समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश की भाजपा राजनीति में शोक की लहर दौड़ गई।
अनिल शर्मा करीब 63 वर्ष के थे और लंबे समय से सक्रिय राजनीति में थे। उत्तर प्रदेश विधानसभा की आधिकारिक सदस्य सूची में भी उन्हें शिकारपुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक के रूप में दर्ज किया गया है।
ग्राम प्रधान से शुरू हुआ राजनीतिक सफर
अनिल शर्मा ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत गांव की राजनीति से की थी। वह अपने पैतृक गांव सुरजावली के ग्राम प्रधान चुने गए थे। इसके बाद उन्होंने सक्रिय राजनीति में कदम बढ़ाया और विधानसभा चुनाव की राजनीति में अपनी मजबूत पहचान बनाई। वर्ष 2002 में पहली बार खुर्जा विधानसभा सीट से विधायक चुने गए। इसके बाद 2007 में भी उन्होंने खुर्जा सीट से जीत दर्ज की। इस तरह शुरुआती दौर में लगातार दो बार विधायक बनने के बाद उनका राजनीतिक क्षेत्र शिकारपुर विधानसभा तक पहुंचा।
खुर्जा और शिकारपुर से चार बार विधानसभा पहुंचे
अनिल शर्मा ने अपने राजनीतिक जीवन में कुल चार बार विधायक के रूप में विधानसभा का प्रतिनिधित्व किया। वह दो बार खुर्जा और दो बार शिकारपुर विधानसभा सीट से विधायक रहे। 2012 के विधानसभा चुनाव के बाद उन्होंने भारतीय जनता पार्टी का दामन थामा। वर्ष 2017 में भाजपा के टिकट पर शिकारपुर विधानसभा सीट से जीत दर्ज की और इसके बाद योगी आदित्यनाथ सरकार में उन्हें वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री की जिम्मेदारी मिली। 2022 के विधानसभा चुनाव में भी उन्होंने भाजपा के टिकट पर शिकारपुर सीट से जीत हासिल की।
लंबे समय से कैंसर से थे पीड़ित
रिपोर्टों के मुताबिक अनिल शर्मा लंबे समय से कैंसर से जूझ रहे थे। उनका दिल्ली में इलाज चल रहा था। बुधवार दोपहर स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद उन्होंने अस्पताल में अंतिम सांस ली। उनके निधन की सूचना मिलते ही भाजपा कार्यकर्ताओं, समर्थकों और क्षेत्र के लोगों में शोक की लहर दौड़ गई। पार्टी के नेताओं और जनप्रतिनिधियों ने उनके निधन पर शोक व्यक्त करते हुए इसे भाजपा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति के लिए बड़ी क्षति बताया।
पश्चिमी यूपी की राजनीति में बनाई थी अलग पहचान
ग्राम प्रधान से राजनीतिक सफर शुरू कर चार बार विधानसभा पहुंचने वाले अनिल शर्मा ने बुलंदशहर की राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई। भाजपा में शामिल होने के बाद उन्होंने शिकारपुर क्षेत्र में पार्टी संगठन को मजबूत करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके निधन से भाजपा ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश के एक अनुभवी नेता को खो दिया है। क्षेत्र में उनके समर्थकों और पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच शोक का माहौल है।