मथुरा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अयोध्या और काशी के भव्य विकास के बाद अब ब्रजभूमि को भी जनभावनाओं के अनुरूप विकसित किया जाएगा। डबल इंजन की सरकार ब्रज के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व को ध्यान में रखते हुए यहां ऐसा भव्य परिसर विकसित करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी, जैसा अयोध्या और काशी में तैयार किया गया है।
शुक्रवार को श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर में दर्शन-पूजन के बाद श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मथुरा-वृंदावन, बरसाना, नंदगांव और गोवर्धन आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालु सहज भाव से ब्रज आएं, दर्शन करें और आशीर्वाद लेकर लौटें, इसके लिए सरकार लगातार काम कर रही है।
पिछली सरकारों पर CM योगी का हमला
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे श्रीकृष्ण जन्मभूमि आने से डरती थीं, क्योंकि उन्हें अपने वोट बैंक की चिंता रहती थी। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार की आस्था कृष्ण कन्हैया, प्रभु श्रीराम, बाबा विश्वनाथ और मां विंध्यवासिनी में है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज में विष घोलने और समाज विरोधी गतिविधियों को बढ़ावा देने वाले तत्वों के मंसूबों को डबल इंजन सरकार कभी पूरा नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रदेश में सुरक्षा का वातावरण मजबूत करना, युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करना, बहन-बेटियों को सुरक्षा देना और किसानों, कारीगरों तथा हस्तशिल्पियों के हितों को आगे बढ़ाना है।
‘अयोध्या का ऐसा विकास होगा, कल्पना भी नहीं थी’
सीएम योगी ने अयोध्या के विकास का उदाहरण देते हुए कहा कि कुछ वर्ष पहले तक अयोध्या में बुनियादी सुविधाओं की स्थिति बेहतर नहीं थी। सड़क, बिजली, पानी और स्वच्छता से जुड़ी समस्याएं थीं और रेलवे की सिंगल लाइन थी।
उन्होंने कहा कि आज अयोध्या धाम में प्रतिदिन करीब एक लाख श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। रामनवमी, कार्तिक माह, सावन झूला मेला और दीपोत्सव जैसे प्रमुख अवसरों पर श्रद्धालुओं की संख्या कई गुना बढ़ जाती है। इसके बावजूद बेहतर कनेक्टिविटी और सुविधाओं के कारण श्रद्धालुओं को पहले की तुलना में काफी सुगमता मिली है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या में महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट, चारों ओर से फोरलेन कनेक्टिविटी और रेलवे की डबल लाइन जैसी सुविधाएं विकसित हुई हैं। भक्तिपथ और रामपथ जैसी आधुनिक सड़कों ने भी धाम की कनेक्टिविटी को मजबूत किया है।
‘500 साल बाद भी हमारी आस्था अपराजित रही’
मुख्यमंत्री ने कहा कि करीब 500 वर्ष पहले विदेशी आक्रांताओं ने हमारी आस्था को समाप्त करने का प्रयास किया, लेकिन सनातन आस्था लगातार मजबूत होती गई। उन्होंने कहा कि अयोध्या में प्रभु श्रीराम के प्रति आस्था आज भी जन-जन में दिखाई देती है।
उन्होंने कहा कि जिन आक्रांताओं को कभी स्वयं को अपराजित समझने का अहंकार था, उनका आज कोई अस्तित्व नहीं है, लेकिन भारतीय समाज की आस्था निरंतर बनी हुई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण इसी आस्था की निरंतरता का प्रतीक है।
योगमाया से मां विंध्यवासिनी धाम तक का जिक्र
सीएम योगी ने श्रीकृष्ण जन्मभूमि से योगमाया और मां विंध्यवासिनी धाम का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इसी धरा पर योगमाया ने अवतरित होकर कंस के अहंकार को चुनौती दी थी और वही योगमाया विंध्यवासिनी धाम में प्रकट हुई थीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि योगमाया के प्रति आस्था के कारण मां विंध्यवासिनी धाम को भी भव्य परिसर के रूप में विकसित किया गया है। उन्होंने इसे धार्मिक आस्था और विरासत के संरक्षण से जुड़ा महत्वपूर्ण कदम बताया।
मथुरा-वृंदावन से बरसाना और गोवर्धन तक मिलेंगी सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि मथुरा-वृंदावन, बरसाना, नंदगांव और गोवर्धन समेत पूरे ब्रज क्षेत्र में श्रद्धालुओं की सुविधाओं को बेहतर बनाया जाएगा। सरकार का प्रयास है कि देश-दुनिया से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो और उनकी धार्मिक भावनाओं का पूरा सम्मान हो।
उन्होंने कहा कि पर्व और त्योहार केवल धार्मिक आयोजन नहीं हैं, बल्कि इनसे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी गति मिलती है। बड़ी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं के कारण स्थानीय दुकानदारों, कारीगरों, हस्तशिल्पियों, परिवहन और पर्यटन से जुड़े लोगों को रोजगार एवं आर्थिक गतिविधियों के अवसर मिलते हैं।
‘हम केवल अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करें’
मुख्यमंत्री ने भगवान श्रीकृष्ण के निष्काम कर्म के संदेश का उल्लेख करते हुए कहा कि श्रीकृष्ण ने अर्जुन को कर्तव्य के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा दी थी।
उन्होंने कहा कि यदि हर व्यक्ति देश, समाज और परिवार के प्रति अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करे तो भारत को विकसित भारत और उत्तर प्रदेश को विकसित उत्तर प्रदेश बनने में देर नहीं लगेगी।
सीएम योगी ने ‘कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन’ का उल्लेख करते हुए कहा कि व्यक्ति को अपना कर्म करते हुए कर्तव्य पथ पर आगे बढ़ना चाहिए और परिणाम की चिंता भगवान श्रीकृष्ण पर छोड़ देनी चाहिए।
‘अब जवाहर बाग जैसी घटना नहीं, ब्रज में उत्सव का माहौल’
मुख्यमंत्री ने मथुरा की कानून-व्यवस्था और आयोजनों का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले ब्रज में ऐसी घटनाएं हुईं, जिन्होंने प्रदेश की छवि को प्रभावित किया। उन्होंने जवाहर बाग की घटना का जिक्र करते हुए पिछली सरकारों की नीतियों पर सवाल उठाए।
सीएम योगी ने कहा कि अब ब्रजभूमि जन्मोत्सव, रंगोत्सव, ब्रजरज उत्सव और वैष्णव कुंभ जैसे आयोजनों के साथ नए उत्साह और विश्वास के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि धार्मिक विरासत और विकास साथ-साथ चलेंगे तथा ब्रजभूमि को उसकी आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान के अनुरूप विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर प्रदेशवासियों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की बधाई और शुभकामनाएं भी दीं।