मेरठ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि नकारात्मक ताकतें एक बार फिर समाज को बांटने का प्रयास करेंगी। जाति, क्षेत्र और भाषा के नाम पर विभाजन की कोशिश होगी और महापुरुषों को भी जातीय आधार पर बांटने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि महापुरुष किसी एक जाति के नहीं, बल्कि पूरे समाज और राष्ट्र के होते हैं। उन्हें किसी जातीय दायरे में सीमित नहीं किया जा सकता।
मुख्यमंत्री सोमवार को मेरठ में भाजपा के पश्चिम क्षेत्र के शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी समेत पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। नितिन नवीन के पश्चिमी उत्तर प्रदेश के दो दिवसीय दौरे के तहत मेरठ में संगठनात्मक कार्यक्रम आयोजित किए गए।
‘मुझे क्या’ कहना मंथरा बुद्धि का परिचायक
सीएम योगी ने कहा कि व्यक्ति से बड़ा दल और दल से बड़ा देश है। उन्होंने कहा कि भाजपा की सोच है कि व्यक्ति का सब कुछ देश के लिए हो। उनके मुताबिक ‘मुझे क्या’ का भाव समाज और राष्ट्र के लिए नुकसानदायक है।
उन्होंने कहा कि इस तरह की सोच पहचान का संकट पैदा करती है, पलायन को बढ़ावा देती है और विकास को बाधित करती है। मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से राष्ट्र प्रथम की भावना के साथ काम करने का आह्वान किया।
2014 के बाद नए भारत का दर्शन हुआ: योगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 2014 के बाद देश में बदलाव देखने को मिला है। उनके अनुसार आज भारत अपनी विरासत पर गर्व करने के साथ विकास की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने काशी विश्वनाथ धाम और अयोध्या में भगवान राम के मंदिर को विरासत के प्रति गौरव से जोड़ा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जो कार्य पहले असंभव माने जाते थे, वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में संभव हुए हैं।
कांवड़ यात्रा और धार्मिक आयोजनों का भी किया जिक्र
सीएम योगी ने कहा कि मथुरा-वृंदावन के विकास के साथ शुकतीर्थ और विदुर कुटी से जुड़े कार्य भी किए जा रहे हैं। उन्होंने कांवड़ यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने इसे जारी रखने की बात कही और वह स्वयं कांवड़ यात्रा में शामिल होकर पुष्पवर्षा करते हैं।
उन्होंने कहा कि अब श्रीकृष्ण जन्माष्टमी जैसे धार्मिक आयोजनों पर रोक नहीं लगाई जा सकती और मेरठ की क्रांतिकारी पहचान को भी कोई अपमानित नहीं कर सकता।
‘मेरठ में अब कट्टा-बंदूक की राजनीति नहीं’
मुख्यमंत्री ने मेरठ में हुए विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि अब यहां ‘कट्टा-बंदूक की राजनीति’ नहीं हो सकती। उन्होंने युवाओं के लिए रोजगार और खेल सुविधाओं का जिक्र किया।
योगी ने कहा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट मेरठ से करीब एक घंटे की दूरी पर है। मेरठ में मेजर ध्यानचंद के नाम पर प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी बन रही है। दिल्ली-मेरठ के बीच 12 लेन का एक्सप्रेसवे और नमो भारत ट्रेन का संचालन हो रहा है।
उन्होंने फिल्म सिटी, मेडिकल डिवाइस पार्क और सेमीकंडक्टर इकाइयों समेत इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र में हो रहे कामों का भी उल्लेख किया।
9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी देने का दावा
सीएम योगी ने कहा कि प्रदेश में 9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है। उन्होंने पारंपरिक उद्यमों के पुनर्जीवन का भी जिक्र किया और दावा किया कि इससे 3 करोड़ 25 लाख नौजवानों को रोजगार मिला है।
मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था में सुधार का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश दंगा और कर्फ्यू से मुक्त हुआ है तथा इसके चलते निवेश और रोजगार के अवसर बढ़े हैं।
‘अब यूपी को कोई बीमारू नहीं कह सकता’
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश पहले बीमारू राज्य के रूप में जाना जाता था, लेकिन अब कोई इसे बीमारू नहीं कह सकता। उन्होंने कहा कि आज यूपी देश की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है।
योगी ने ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ और ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन मेडिकल कॉलेज’ का उल्लेख करते हुए कहा कि ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन कुजीन’ के माध्यम से स्थानीय खान-पान और उत्पादों को भी वैश्विक पहचान दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने मेरठ की रेवड़ी, हापुड़ के पापड़ और मुजफ्फरनगर के गुड़ का उदाहरण दिया।
महापुरुषों को जातीय दायरे में बांटने के खिलाफ बोले योगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ ताकतें फिर समाज को जाति, क्षेत्र और भाषा के नाम पर बांटने का प्रयास करेंगी। उन्होंने कहा कि महापुरुषों को जातीय पहचान तक सीमित करना उचित नहीं है।
उन्होंने कोतवाल धन सिंह गुर्जर, महाराणा प्रताप, छत्रपति शिवाजी महाराज और गुरु गोविंद सिंह को राष्ट्रनायक बताते हुए कहा कि ये किसी एक जाति के नहीं हैं। उन्होंने दुर्गा भाभी को भी सभी के लिए आदर्श बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने मेरठ में कोतवाल धन सिंह गुर्जर का स्मारक बनाया है।
बूथ स्तर तक संगठन मजबूत करने का आह्वान
सीएम योगी ने शक्ति केंद्र प्रमुखों से प्रत्येक बूथ की समीक्षा करने, प्रभावी टीम गठित करने और पन्ना प्रमुखों की जिम्मेदारी तय करने का आह्वान किया। उन्होंने प्रत्येक परिवार की मैपिंग और सर्वे के जरिए लोगों को मतदान के लिए प्रेरित करने की बात कही।
उन्होंने कहा कि संविधान ने प्रत्येक नागरिक को मतदान के माध्यम से अपनी भूमिका निभाने का अधिकार दिया है। बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर, सद्गुरु रविदास और महर्षि वाल्मीकि से जुड़े स्थलों के विकास का भी उन्होंने उल्लेख किया।
‘आने वाली पीढ़ी पूछेगी नहीं कि आपने क्या किया’
मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से विकास कार्यों को भविष्य की पीढ़ी तक पहुंचाने की बात कही। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं को अपने कार्यकाल में हुए विकास कार्यों को स्मृति के रूप में संजोना चाहिए और आने वाली पीढ़ी को बताना चाहिए कि उनके समय में मेरठ में एक्सप्रेसवे और नमो भारत जैसी परियोजनाएं आईं। उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को भी अपने संबोधन में प्रमुखता से रखा।
पंकज चौधरी बोले- शक्ति केंद्र भाजपा की रीढ़
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने कहा कि शक्ति केंद्र पार्टी की रीढ़ हैं और इनसे जुड़े कार्यकर्ताओं की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि शक्ति केंद्र प्रमुख अपने क्षेत्र के तीन से पांच बूथों की जानकारी रखें तो चुनाव से पहले संगठन की स्थिति का आकलन किया जा सकता है।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से केंद्र और प्रदेश सरकार के कार्यों को लेकर जनता के बीच जाने का आह्वान किया। पंकज चौधरी ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 2017 से पहले और वर्तमान स्थिति में बदलाव का दावा करते हुए कहा कि भाजपा कार्यकर्ता लक्ष्य और प्रत्याशी देखकर नहीं, बल्कि संगठन के लिए काम करता है।
कार्यक्रम में भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी, राष्ट्रीय मंत्री जगदीश पटेल, राष्ट्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ. भोला सिंह, प्रदेश संगठन महामंत्री धर्मपाल, प्रदेश महामंत्री राम प्रताप सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष नवाब सिंह नागर समेत पार्टी के कई पदाधिकारी मौजूद रहे।