अयोध्या। थाना तारुन क्षेत्र में धर्म परिवर्तन से जुड़े मुकदमे के बाद एक परिवार ने अपनी सुरक्षा को लेकर पुलिस और शासन से गुहार लगाई है। परिवार का आरोप है कि मुकदमे में नामजद नफीस और उसके सहयोगियों की ओर से केस वापस लेने के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है। शिकायतकर्ता का दावा है कि मुकदमा वापस नहीं लेने पर परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी गई। पीड़ित परिवार ने प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही सहित पुलिस अधिकारियों को शिकायती पत्र देकर पूरे मामले की जांच कराने और परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
रात में घर के आसपास फायरिंग का आरोप
शिकायत में परिवार की ओर से आरोप लगाया गया है कि आरोपी पक्ष कथित तौर पर अवैध हथियारों का प्रदर्शन कर रात के समय घर के आसपास फायरिंग करता है। परिवार का कहना है कि इस तरह की गतिविधियों से उनके बीच भय का माहौल बना हुआ है और उन्हें अपनी सुरक्षा की चिंता है।हालांकि, अवैध हथियारों के प्रदर्शन और फायरिंग से जुड़े आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में पुलिस जांच के बाद ही इन आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
नारी निकेतन में बेटी से मुलाकात का भी दावा
परिवार की ओर से यह भी आरोप लगाया गया है कि लखनऊ के नारी निकेतन में रह रही उनकी बेटी से आरोपी पक्ष के लोगों की कथित रूप से मुलाकात हो रही है। परिवार ने इस बिंदु की भी जांच कराने की मांग की है। मामले को लेकर महंत संत दास ने कार्रवाई न होने पर हिंदू संगठनों की ओर से आंदोलन की चेतावनी दी है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से मामले को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कार्रवाई की मांग की।
पुलिस-प्रशासन से निष्पक्ष जांच और सुरक्षा की मांग
पीड़ित परिवार ने शासन और पुलिस अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, आरोपों का सत्यापन तथा परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। अब पुलिस जांच और प्रशासनिक कार्रवाई के बाद ही मामले से जुड़े आरोपों की वास्तविकता सामने आ सकेगी।