यांगून। भारत और म्यांमार के बीच सांस्कृतिक एवं मैत्री संबंधों को मजबूत करने के उद्देश्य से मौर्या इंडियन क्लब, यांगून की ओर से आयोजित साप्ताहिक गणपति उत्सव ‘मैत्री’ धूमधाम से संपन्न हुआ। धार्मिक आस्था के साथ भारतीय और बर्मीज संस्कृति के संगम ने आयोजन को विशेष बना दिया। समारोह में भारत के जयपुर से पहुंचीं कवयित्री मधु भूतड़ा ‘अक्षरा’ ने अपनी स्वरचित कविताओं का पाठ कर खूब तालियां बटोरीं। उन्होंने भारतीय राजदूत अभय ठाकुर को अपनी काव्य पुस्तक ‘एक पहल’ और कलम भेंट की। ‘एक पहल’ मधु भूतड़ा ‘अक्षरा’ का हिंदी काव्य-संग्रह है, जिसका प्रकाशन साहित्यागर, जयपुर ने किया है।
13 युगल जोड़ों ने की कलश स्थापना
गणपति उत्सव के प्रथम दिन 13 युगल जोड़ों ने कलश स्थापना की। सप्ताहभर चले आयोजन में भारतीय और म्यांमार निवासी श्रद्धालुओं ने प्रतिदिन विधि-विधान से गणपति की आरती, पूजा, धूप-दीप और अर्चना की। बड़ी संख्या में भारतीय और बर्मीज नागरिकों ने गणपति पूजन में भाग लिया।

कविता पाठ ने बांधा समां
जयपुर से पहुंचीं कवयित्री मधु भूतड़ा ‘अक्षरा’ ने कार्यक्रम में अपनी स्वरचित रचनाओं का पाठ किया। उनकी कविताओं पर श्रोताओं ने तालियों से उत्साह बढ़ाया। काव्य पाठ के बाद उन्होंने भारतीय राजदूत अभय ठाकुर को अपनी पुस्तक ‘एक पहल’ भेंट की।
कार्यक्रम में भजमन बिट्स बैंड ने लाइव संगीत प्रस्तुति दी, जिसने उपस्थित दर्शकों को भावविभोर कर दिया। वहीं टीबीएल चेयरमैन विपुल मुरारका और मीडिया लिंक डायरेक्टर मेघा भूतड़ा मुरारका ने मंच संचालन किया।

कई देशों के राजनयिक और गणमान्य लोग हुए शामिल
आयोजन में म्यांमार के यूनियन मिनिस्टर सीनियर जनरल मिन आंग ह्लाइंग, रिलीजियस अफेयर्स मिनिस्टर ऊ तिन ऊ ल्विन, यांगून के चीफ मिनिस्टर ऊ आंग नाइंग थू, भारत के राजदूत अभय ठाकुर, श्रीलंका और नेपाल के राजदूत, पुलिस कमिश्नर, मीडिया प्रतिनिधि और अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।
दस वर्षों से म्यांमार में सक्रिय है मौर्या इंडियन क्लब
क्लब के चेयरमैन श्याम नरसरियां ने आयोजन को सफल बनाने वाले सभी कार्यकर्ताओं का आभार जताया। उन्होंने बताया कि भारतीय हिंदू संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए मौर्या इंडियन क्लब पिछले दस वर्षों से म्यांमार में सक्रिय है।
उत्सव के दौरान अंताक्षरी, प्रश्नोत्तरी, नृत्य, संगीत और रैंप वॉक समेत विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियां आयोजित की गईं। लॉटरी के माध्यम से प्रतिभागियों को उपहार भी दिए गए। ‘इंडियन तड़का’ के संजीव और अभिनीता गुप्ता की ओर से श्रद्धालुओं के लिए प्रतिदिन भोजन-प्रसादी की व्यवस्था की गई।
आयोजकों के अनुसार, गणपति उत्सव ने धार्मिक आयोजन के साथ सांस्कृतिक संवाद का भी अवसर दिया। भारतीय और म्यांमार के नागरिकों की सहभागिता ने दोनों देशों के बीच मैत्री, सद्भाव और सांस्कृतिक जुड़ाव का संदेश दिया।